… गुजरात एक “शत्रु राज्य” ही है, क्योंकि…
Friday, August 13th, 2010
जिन लोगों ने गुजरात के गृहराज्य मंत्री अमित शाह की गिरफ़्तारी वाले दिन से अब तक टीवी चैनलों पर खबरें देखी होंगी, उन सभी ने एक बात अवश्य नोटिस की होगी… कि चैनलों पर “हिस्टीरिया” का दौरा अमूमन तभी पड़ता है, जब भाजपा-संघ-हिन्दुत्व से जुड़े किसी व्यक्ति के साथ कोई छोटी से छोटी भी घटना हो जाये। सोहराबुद्दीन के केस में तो मीडिया का “पगला जाना” स्वाभाविक ही था, जहाँ एक तरफ़ एंकर चीख रहे थे वहीं दूसरी तरफ़ हेडलाइन्स में और नीचे की स्क्रोल पट्टी में हमने क्या देखा… “अमित शाह गिरफ़्तार, क्या नरेन्द्र मोदी बचेंगे?…”, “अमित शाह मोदी के खास आदमी, नरेन्द्र मोदी की छवि तार-तार हुई…”, “क्या नरेन्द्र मोदी इस संकट से पार पा लेंगे…”, “नरेन्द्र मोदी पर शिकंजा और कसा…” इत्यादि-इत्यादि-इत्यादि…

